Saturday, March 20, 2010

नैनीताल के राजभवन में स्थित गोल्फ कोर्स का इतिहास

पिछली एक पोस्ट में मैंने नैनीताल के राजभवन के बारे में बताया था। इस पोस्ट में मैं राजभवन में बने गोल्फ कोर्स के बारे में कुछ।




राजभवन का निर्माण 1900 में हुआ और इसमें बने गोल्फ कोर्स का निर्माण सन् 1926 में हुआ। इसे यूनाइटेड प्रोविसेंस के गर्वनर जनरल मैलकम हैली ने बनवाया था। यह गोल्फ कोर्स 50 एकड़ भूमि में फैला है और इसका सम्पूर्ण डिजाइन व निर्माण ब्रिटिश फौज के इंजीनियरों द्वारा किया गया। यह गोल्फ कोर्स समुद्र सतह से 6475 फीट की ऊँचाई पर स्थित है।

इस कोर्स में 18 होल है तथा अलग-अलग तरह की 18 टी बनी हुई हैं। ब्रिटिश समय में गोल्फ ब्रिटिश ऑफिसर्स का पसंदीदा खेल हुआ करता था इसलिये इस मैदान में उस समय काफी चहल-पहल रहती थी। वर्ष 1927 में ब्रिटिश अधिकारी एच. एलीना ने इस मैदान गोल्फ मैदान में सबसे अधिक 24 अंक प्राप्त किये।

भारत के आजाद होने से पहले यह गोल्फ मैदान हफ्ते में सिर्फ मंगल, बृहस्पति और इतवार को ही खुलता था। सन् 1980 तक यह मैदान आम लोगों के लिये बंद रहता था पर वर्ष 1994 में उस समय के राज्यपाल मोती लाल बोरा ने इसे सभी लागों के लिये खुलवा दिया। उसी समय से यहां प्रतियोगितायें भी शुरू होने लगी। गर्वनर्स गोल्फ कप प्रतियोगिता यहां होने वाली राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता है।


11 comments:

sansadjee.com said...

अच्छी जानकारी है।

मुनीश ( munish ) said...
This comment has been removed by the author.
मुनीश ( munish ) said...

I hate golf-grounds and these should be turned into gardens or forests.

विनीता यशस्वी said...

munish Rajbhwan mai लगभग 160 एकड़ भूमि पर घना जंगल है जिसमें कई तरह के पेड़-पौंधे और पक्षी देखने को मिल जाते हैं।

डॉ. मनोज मिश्र said...

अच्छी जानकारी मिली,आभार.

"अर्श" said...

badhaayee dene aayaa hun iskeliye khas taur se
....



arsh

Udan Tashtari said...

आभार जानकारी का.

ताऊ रामपुरिया said...

बहुत सुंदर जानकारी मिली.

रामराम.

boletobindas said...

काफी जानकारी है आपके ब्लॉग पर..आज कई ब्लॉग पडे ....अजीब इत्फाक है कि कई यायवरों की डायरी मिली....क्या यायवरी का मेरा समय वापस आ रहा है...

विनीता यशस्वी said...

boletobindas @ apka samay bilkul wapas aa raha hai...

आशीष खण्डेलवाल (Ashish Khandelwal) said...

nice information..

Happy Blogging